कुशीनगर: प्रो. मैनेजर पाण्डेय व डॉ. राजकुमार सिंह की स्मृति में आयोजित होगा लोकरँग

न्यूज अड्डा डेस्क

Reported By: न्यूज अड्डा डेस्क
Published on: Feb 23, 2023 | 10:23 AM
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कसया/कुशीनगर। लोकरंग सांस्कृतिक समिति के तत्वावधान में विगत 16 वर्षों से आयोजित होने वाला लोकरंग कार्यक्रम इस वर्ष भी पूरी तैयारी के साथ आगामी 15 -16 अप्रैल को जोगिया जनूबी पट्टी, फाज़िलनगर में आयोजित होने जा रहे लोकरंग की जानकारी प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से साझा करते हुए संस्था अध्यक्ष सुभाष चन्द्र कुशवाहा ने कहा कि हमारे लिए यह शोक का विषय रहा है कि एक साल के अंदर, लोकरंग के दो महत्वपूर्ण स्तम्भ जुदा हो चुके हैं। इसलिए यह आयोजन हिन्दी साहित्य के शीर्ष आलोचक, स्मृतिशेष प्रो. मैनेजर पाण्डेय एवं संभावना कला मंच के पूर्व निर्देशक, स्मृतिशेष डॉ राजकुमार सिंह की याद में आयोजित किया जायेगा. लोकसंस्कृतियों को बचाने और उन्हें संवर्द्धित करने के लिए सक्रिय इस संस्था ने न केवल अपने आसपास की लोकसंस्कृतियों को संवारा है, अपितु देश के विभिन्न अंचलों से और विदेशों से भी हिन्दुस्तानी भोजपुरी संस्कृति से जुड़े कलाकारों को इस आयोजन में बुलाया है।

इस वर्ष भी दक्षिण अफ्रीका के डरबन से भोजपुरी गायक, केम चाँदलाल पधार रहे हैं। सांस्कृतिक भड़ैंती, फूहड़पन के विरुद्ध, जनसंस्कृति के संवर्द्धन के लिए आयोजित होने वाले इस सांस्कृतिक आयोजन में इस वर्ष के अन्य आकर्षण होंगे – गांव की महिलाओं द्वारा संझा पराती लोकगीत। मालवा का कबीर गायन। मांडव लोक कला सांस्कृतिक संस्था, धार, मध्यप्रदेश द्वारा भगोरिया लोक नृत्य। तारकेश्वर काजी थारू कल्चरल ग्रुप, पश्चिमी चम्पारन, बिहार द्वारा थारू नृत्य, जंतसारी, झमटा (स्त्री) और झकरा (पुरुष) गीत। फरुवाही नृत्य। लखराज लोककला मंच, सुल्तानपुर द्वारा अवधी बिरहा गायन। झारखण्ड का खड़िया आदिवासी नृत्य। नूपुर लोक कला संस्थान, सागर, मध्य प्रदेश द्वारा बधाई और नौरता लोक नृत्य। इस आयोजन में एक विचार गोष्ठी भी आयोजित होती है जिसमें देशभर के साहित्यकार भाग लेते हैं। इस बार की गोष्ठी का विषय है – ‘लोकसंस्कृति का भविष्य बनाम भविष्य की लोकसंस्कृति’। इस बार मंच से परे, बहुरूपिया कलाकारों का प्रदर्शन भी होगा और इस बार देश के मशहूर बहुरूपिया शमशाद, बांदीकुईं, राजस्थान अपनी टीम के साथ पधार रहे हैं.

इस आयोजन में दो नाटक भी प्रस्तुत किये जायेंगे. 15 अप्रैल की रात्रि में नाटक- जामुन का पेड़, परिकल्पना और निर्देशन-पुंज प्रकाश, दस्तक, पटना द्वारा और 16 अप्रैल की रात्रि में नाटक-टैच बेचईया, नाचा थियेटर, रायपुर, छत्तीसगढ़ द्वारा प्रस्तुत किया जायेगा। संभावना कला मंच, गाजीपुर की टीम इस बार सुधीर सिंह और राजीव कुमार गुप्ता के नेतृत्व में पधारेगी और कविता पोस्टर, भित्ति चित्र आदि से मंच और लोकरंग परिसर की सज्जा निखारेगी। इस आयोजन का सञ्चालन, देश के जाने -माने कवि, प्रो. दिनेश कुशवाह, हिन्दी विभागाध्यक्ष, रीवा विश्वविद्यालय (म.प्र.) द्वारा किया जायेगा।


Topics: फाजिलनगर

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