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लोक आस्था का महापर्व छठपूजा अस्तांचल सूर्य के अर्घ्य के साथ हुआ आरंभ.।

Omprakash Dwivedi

Reported By:

Nov 10, 2021  |  9:01 PM

1,420 लोगों ने इस खबर को पढ़ा.
लोक आस्था का महापर्व छठपूजा अस्तांचल सूर्य के अर्घ्य के साथ हुआ आरंभ.। WhatsApp
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●”बड़की पुकारे देव दूनू कर जोरवा अरघ केरे बेरवाँ..।”
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पालघर। उगते सूर्य को अभिवादन करने वाले इस संसार में भारत ही वह महान देश है। जहां अस्तांचलगामी सूर्य को भी अर्घ्य देकर प्रणाम करने की परंपरा है।दिनभर स्वयं की तप्त तेज से पुरी पृथ्वी को आलोकित व उर्जित करने वाले भगवान भास्कर जब निस्तेज होकर पश्चिम में ढल रहे होते है तो उस पल उन्हें एक साथ मिलकर प्रणाम निवेदित करना हमारे कृतज्ञता का बड़ा अदभूत व जीवंत दृष्टिकोण रहा है।

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इसी कड़ी म़ें कार्तिक शुक्ल पक्ष सूर्यषष्ठी के दिन बुधवार की शाम सूर्योपासना व लोक आस्था के महापर्व छठपूजा के ब्रतियों ने कुछ चौबीस घंटे के निर्जला उपवास के पश्चात इस वर्ष कोरोना के संकट के बीच शासन के ऐहतियात के तहद घरों के आसपास कृत्रिम तलाबों में 36 घंटों के कठोरतम उपवास ब्रत का अस्तांचल सूर्य को अर्घ्य देते हुए भगवान भास्कर की सांध्य अराधना करते जल में खड़े होकर सूर्यदेव से मंगल कामना, सौभाग्य अचल रहे व अभिष्ट सिद्धि,मनोवांछित फल की श्रद्धा लिए प्रार्थना की.।


पालघर जिले में चहुँ ओर औद्योगिक क्षेत्र के बाजारों में सन्नाटा नजर आया तो छठब्रती और उनके परिजन माथे पर शाम होने से पूर्व कृत्रिम तलाबों पर अस्तांचल सूर्योपासना के लिए खड़े नजर आये.। जहां सुमधुर छठगीतों से माहौल भक्तिमय बना हुआ है।


कोरोना के कारण प्रशासन द्वारा सार्वजनिक छठपूजा की रोक के बाद छठब्रतियों ने घरों के आसपास बनाये कृत्रिम तलाबों में सावधानी पूर्वक लोक आस्था का महापर्व छठपूजा इसबार संपन्न कर रहे है।

वैज्ञानिक दृष्टिकोण से माना गया है कि सूर्यषष्ठी के दिन खगोलीय परिवर्तन होता रहा है। इस समय सूर्य देव की पैराबैगनी किरणें (अल्ट्रावायलेट रेज) पृथ्वी की सतह पर सामान्य से अधिक मात्रा में एकत्र हो जाती है। इसी कारण इसके संभावित कुप्रभावों से सूर्य पूजन के बाद मनुष्य को यथासंभव रक्षा का सार्मथ्य मिलता है। सूर्य की शक्तियों का मुख्य स्रोत उनकी अर्धांगिनी उषा और प्रत्युषा है।छठपर्व पर सूर्य के साथ
दोनों शक्तियों की संयुक्त अराधना की जाती है।सायंकाल में सूर्य की अंतिम किरण (प्रत्युषा)और सुबह में पहली किरण (उषा) को अर्घ्य देकर श्रद्धा पूर्ण विश्वास के साथ छठब्रती लोग नमन करते है।

 

भाजपा पालघर जिला बोईसर मंडल अध्यक्ष जितेंद्र(पप्पू) संखे समेत तमाम भाजपाइयों ने कृत्रिम बने छठ घाटों का दौरा कर छठब्रतियों को शुभकामनाएं देते हुए छठ मैय्या का आशिष ग्रहण किया।

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