News Addaa WhatsApp Group

कुशीनगर: गांधी जयंती के अवसर पर महाविद्यालय की एन एस एस और रोवर्स- रेंजर्स इकाई के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ वेबिनार

न्यूज अड्डा डेस्क

Reported By:

Oct 2, 2021  |  8:00 PM

520 लोगों ने इस खबर को पढ़ा.
कुशीनगर: गांधी जयंती के अवसर पर महाविद्यालय की एन एस एस और रोवर्स- रेंजर्स इकाई के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ वेबिनार
  • उद्यमिता ही स्त्री स्वावलंबन व मुक्ति का आधार है- डॉ गौरव तिवारी

कुशीनगर (न्यूज अड्डा)। स्त्री को अगर स्वावलंबी बनना है तो उसे उद्यमिता अपनानी होगी।बिना आर्थिक रूप से स्वावलंबी बने समाज मे स्त्रियों को बराबर का दर्जा नहीं मिल सकता।इस हेतु महात्मा गांधी ने महत्वपूर्ण प्रयास किये।महात्मा गांधी जी चरखे को स्वावलंबन का प्रतीक मानते थे।उनकी दृष्टि में यह स्त्रियों के आर्थिक स्वावलंबन का आधार है।यह बातें बुद्ध स्नातकोत्तर महाविद्यालय कुशीनगर के हिन्दी विभाग मे एसोसिएट प्रोफेसर डॉ गौरव तिवारी ने गांधी जयंती के अवसर पर महाविद्यालय की एन एस एस और रोवर्स- रेंजर्स इकाई के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित वेबिनार में मुख्य वक्ता के रूप में बोलते हुए कही।आपने बताया कि महात्मा गाँधी ने स्त्रियों के अधिकारों की लगातार पैरवी की तथा स्त्री अधिकारों को लेकर कभी समझौता नही किया।गाँधी जी का वैष्णव संस्कार भी स्त्री अधिकारों को लेकर उनके संकल्प को डिगा नही सका।स्त्री चेतना,स्वावलंबन व मुक्ति के विषय पर वे कोई समझौता नही करते हैं।यहाँ तक कि एक आस्तिक व गृहस्थ वैष्णव होने के बाद भी महात्मा गांधी धार्मिक ग्रंथों की शिक्षाओं के विपरीत जाकर स्त्री मुक्ति की बात करते हैं।नारी शसक्तीकरण के प्रश्न पर महात्मा गांधी अपने समय से काफी आगे की सोच रखते थे।वे मानते थे कि अपने भविष्य के निर्माण का जितना अधिकार पुरुषों को है उतना ही अधिकार महिलाओं को भी है।स्त्री स्वतंत्रता का आग्रही होने के कारण वेअपने शास्त्रों की मान्यताओं की भी आलोचना करने से नही चूकते।गांधी प्रश्न करते हैं कि लैंगिक पवित्रता का पूरा का पूरा जिम्मा स्त्री पर ही क्यों है?पुरुषों के लिए भी सूचिता के मानक क्यों नहीं है? गांधी जी स्वीकार करते हैं कि स्त्री के यौन सूचिता/पवित्रता को उनके खिलाफ शोषण के एक हथियार के रूप में प्रयोग किया जाता है।यह महात्मा गांधी ही थे जिनके नेतृत्व में भारत के इतिहास में पहली बार लाखों महिलाओं ने घर की चहारदीवारी से बाहर निकलकर नमक सत्याग्रह में भाग लिया था।

आज की हॉट खबर- हाईवे पर ‘डीजल चोर गैंग’ का खेल खत्म! कसया पुलिस...

सच तो यह है कि महात्मा गांधी विराट व्यक्तित्व के स्वामी है।उनके बारे में बहुत कुछ लिखा व पढ़ा गया है।लेकिन स्त्री विमर्श के संदर्भ में महात्मा गांधी के विचारों पर कम ही चर्चा हुई है।जबकि महात्मा गांधी आज से लगभग एक शताब्दी पहले ही नारी स्वावलंबन, नारी उद्यमिता,नारी शिक्षा,नारी अधिकार,विधवा विवाह आदि के पक्ष में पुरजोर आवाज़ उठाते हैं। गौरव जी ने कहाकि कि भारत का हृदय सम्राट वही हो सकता है जिसमे विराट समन्वय की भावना हो।महात्मा बुद्ध के बाद समन्वय की यह भावना गांधी में दिखती है।भगवान बुद्ध के विचारों से भी गांधी जी प्रभावित थे।उनके मूल मंत्र- *अप्प दीपो भव* को महात्मा गांधी व्यक्ति निर्माण का मूलमंत्र मानते थे।

आज के इस वेबिनार के मुख्य अतिथि व बुद्ध स्नातकोत्तर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ अमृतांशु कुमार शुक्ल ने बताया कि भारत की स्वतंत्रता आंदोलन का नेतृत्व करने की भूमिका से अलग महात्मा गांधी द्वारा समाज निर्माण के लिए किये गए कार्य भी कम महत्वपूर्ण नही है।महात्मा गांधी जीवन भर सत्य का शोध करते रहे।उन्होंने सत्य को ही ईश्वर माना है।सत्य की खोज करते हुए उन्होंने जो कुछ सीखा व महसूस किया उसने उनके व्यक्तित्व में महत्वपूर्ण परिवर्तन किए।आज महात्मा गांधी जी स्वयं शोध का विषय है।उनके प्रयोग पूरी मानवता के लिए आशा की किरण है।महात्मा गांधी ऐसे ही महामानव नही बने।उनकी कथनी व करनी में अंतर नही था।यह उनकी प्रमाणिकता का सबसे बड़ा आधार है।गांधी जी के विचार व कर्म के केंद्र में हमेशा आम आदमी रहा है।हम लोग महात्मा गांधी के बहुत सारे प्रयोगों व विचारो से सहमत/असहमत हो सकते हैं लेकिन मानवता के कल्याण हेतु उनके द्वारा किये गए कार्यो की महत्ता को नकार नही सकते।आज भारत की प्रमुख पहचानो में से एक पहचान यह भी है कि हम लोग उस देश के निवासी हैं जहाँ महात्मा गांधी पैदा हुए थे।

राज पाठक/न्यूज अड्डा

संबंधित खबरें
रुद्र महायज्ञ का हुआ आयोजन , निकाली गई भब्य कलश व शोभा यात्रा
रुद्र महायज्ञ का हुआ आयोजन , निकाली गई भब्य कलश व शोभा यात्रा

बोदरवार, कुशीनगर :- क्षेत्र अंतर्गत स्थित भलुही ग्राम सभा में नवरात्रि के पावन पर्व…

हाईवे पर ‘डीजल चोर गैंग’ का खेल खत्म! कसया पुलिस का बड़ा एक्शन, 5 शातिर गिरफ्तार
हाईवे पर ‘डीजल चोर गैंग’ का खेल खत्म! कसया पुलिस का बड़ा एक्शन, 5 शातिर गिरफ्तार

कुशीनगर। सड़क किनारे खड़े ट्रकों व टैंकरों से डीजल चोरी करने वाले एक संगठित…

आमेलित शिक्षकों को पुरानी पेंशन स्वागतयोग्य कदम- अनिल
आमेलित शिक्षकों को पुरानी पेंशन स्वागतयोग्य कदम- अनिल

एमएलसी ध्रुव त्रिपाठी ने मुख्यमंत्री से मिलकर जताया आभार प्रदेश के 2300 माध्यमिक शिक्षकों…

कलश स्थापना के साथ शतचंडी महायज्ञ का शुभारंभ, उमड़ रही क्षेत्रीय श्रद्धालुओं की भारी भीड़
कलश स्थापना के साथ शतचंडी महायज्ञ का शुभारंभ, उमड़ रही क्षेत्रीय श्रद्धालुओं की भारी भीड़

बोदरवार , कुशीनगर :- क्षेत्र के पड़खोरी धाम में नवरात्रि के पावन पर्व पर…

News Addaa Logo

© All Rights Reserved by News Addaa 2020

News Addaa Breaking