पडरौना/कुशीनगर। जिले में शनिवार शाम बारिश होने से बड़ी राहत मिली। मुरझा रही फसलों को संजीवनी मिल गई। वहीं,गर्मी और उमस से परेशान लोगों ने भी सुखद अहसास किया। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार दो तीन दिनों के दौरान मध्यम बारिश होने की संभावना है।
अगस्त में लंबे इंतजार के बाद बारिश शुरू हुई। बारिश से खेतों में सूख रही धान के बचने की संभावना बढ़ गई है। मानसून ने देर से दस्तक दी और उसके बाद बारिश नहीं होने से किसान परेशान हैं। स्थिति यह है कि भूगर्भ जलस्तर कम हो गया है। शनिवार को देर शाम आई बारिश से फसलों को फायदा होगा। इस दौरान पडरौना शहर समेत ग्रामीण इलाकों में अपने रोजमर्रा कार्यों से निकले महिलाएं युवा बच्चे बुजुर्गों ने जहां छाता का सहारा लिया तो बारिश से बचने के लिए कुछ बाइक सवारों ने प्लास्टिक ओड़कर बारिश से बचते नजर आए।
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