News Addaa WhatsApp Group

तमकुहीराज: दीन दुखियों की सेवा ही भगवान का सबसे बड़ा सेवा – अतुल कृष्ण भारद्वाज

न्यूज अड्डा डेस्क

Reported By:

Mar 11, 2021  |  9:29 PM

1,247 लोगों ने इस खबर को पढ़ा.
तमकुहीराज: दीन दुखियों की सेवा ही भगवान का सबसे बड़ा सेवा – अतुल कृष्ण भारद्वाज

अशोक कुमार द्विवेदी

तमकुहीराज ! उत्तर प्रदेश बिहार सीमा पर चल रहे राम कथा के पांचवे दिन राम कथा के अमृत वर्षा कराते हुए वृंदावन से पधारे कथा वाचक श्री अतुल कृष्ण भारद्वाज ने भगवान श्रीराम श्रीराम विवाह के प्रसंगों से उपस्थित श्रोताओं को भाव विभोर कर दिया।जानकारी हो कि तरयासुजान थाना क्षेत्र के सलेमगढ़ बाजार शिव मन्दिर प्रागंण में बृहस्पतिवार को राम कथा के दौरान व्यास अतुल कृष्ण भारद्वाज ने कहा कि जब विश्वामित्र ने सम्पूर्ण उत्तर भारत को दुष्टजनों से श्रीराम द्वारा मुक्त करा लिया एवं सभी ऋषि वैज्ञानिकों के यश सुचारू रूप से होने लगे तो विश्वामित्र श्रीराम को जनकपुरी की ओर ले गये जहां पर सीता स्वयंवर चल रहा था । सीता स्वयंवर में जब कोई राजा धनुष को नहीं तोड़ पा रहा था तो श्रीराम ने विश्वामित्र की आज्ञा पाकर धनुष को तोड़ दिया। जिसका अर्थ पूरे विश्व में दुष्टो को सावधान करना था कि अब कोई चाहे कितना भी शक्तिशाली राक्षस वृत्ति का व्यक्ति हो वह जीवित नही बचेगा । धनुष टूटने का पता चलने पर परशुराम का स्वयंवर सभा में आना एवं श्रीराम लक्ष्मण से तर्क वितर्क करके संतुष्ट होना कि श्रीराम पूरे विश्व का कल्याण करने में सक्षम है स्वयं अपने आराध्य के प्रति भक्ति में लीन हो गये एवं समाज की जिम्मेदारी जो परशुराम ने ले रखी थी जिससे कि दुष्ट राजाओं को भय था परशुराम ने यह सामाजिक जिम्मेदारी श्री राम को सौपदी एवं स्वयं भक्ति में लीन हो गये । कथा व्यास ने आगे कहा कि भगवान कण – कण में विराजमान है । अगर हम समाज में दीन – दुखियों वनवासियों आदिवासियों के कष्ट दूर करते हए उस संगठित शक्ति के द्वारा ही सामाज में व्याप्त बुराईयों को दूर किये किसी कारण से श्री राम भगवान कहलाये उसी प्रकार आज भी समाज में व्याप्त बुराईयों को अच्छे लोग संगठित होकर ही दूर कर सकते है । कथा प्रसंग को आगे बढ़ाते हुए व्यास जी ने कहा कि राजा जनक ने राजा दशरथ को बारात लाने का न्यौता भेजा एवं राजा दशरथ नाचते गाते बारातियों सहित जनकपुरी पहुचे। बारात में शामिल उपस्थित श्रोता जनसमूह खूब भाय पूर्ण नाचे गाये । पूज्य अतुल कृष्ण भारद्वाज ने श्रोताओं से आग्रह पूर्वक निवेदन करते हुए कहा कि जिस संगठित शक्ति के बल पर वनवासी – गिरियासी बंधुओं ने आपत्तिकाल में श्रीहनुमान जी महराज के नेतृत्व में धर्म की स्थापना और अधर्म के विनाश के लिए स्तुत्य कार्य किया , उसी प्रकार समस्त प्रकार के भेद – भावों से रहित होकर हम सबको जीवन में कुछ महान कार्य करने की ललक पैदा करना चाहिए। इस दौरान दीदी स्मिता, मंगलम वत्स और सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे।

आज की हॉट खबर- दोस्तों की प्रताड़ना से टूटा युवक, सुसाइड नोट में लिखी...

संबंधित खबरें
बुढ़वा जंगल के समीप दो बाइकों की टक्कर में एक व्यक्ति की मौत, दूसरा घायल
बुढ़वा जंगल के समीप दो बाइकों की टक्कर में एक व्यक्ति की मौत, दूसरा घायल

खड्डा, कुशीनगर। मंगलवार की शाम खड्डा थाना क्षेत्र के बुढ़वा जंगल पुल के समीप…

तमकुहीराज : तीन सूत्रीय मांगों पर लेखपालों का कार्य बहिष्कार, तहसील में धरना
तमकुहीराज : तीन सूत्रीय मांगों पर लेखपालों का कार्य बहिष्कार, तहसील में धरना

कुशीनगर । उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के आह्वान पर मंगलवार को तहसील परिसर में…

दोस्तों की प्रताड़ना से टूटा युवक, सुसाइड नोट में लिखी दर्दभरी दास्तान—“माँ-पापा माफ करना…”
दोस्तों की प्रताड़ना से टूटा युवक, सुसाइड नोट में लिखी दर्दभरी दास्तान—“माँ-पापा माफ करना…”

कुशीनगर। जनपद के सेवरही थाना क्षेत्र अंतर्गत दुबौली गांव से एक बेहद मार्मिक और…

भारत-नेपाल के पत्रकार की हुई बैठक, बनी साझा रणनीति
भारत-नेपाल के पत्रकार की हुई बैठक, बनी साझा रणनीति

खड्डा, कुशीनगर। यूपी-बिहार सीमा पर स्थित छितौनी इंटर कॉलेज में इंडो-नेपाल बॉर्डर पत्रकार संघ…

News Addaa Logo

© All Rights Reserved by News Addaa 2020

News Addaa Breaking